Friday, 10 July 2015

अध्ययन से पूर्व बाईबल को समझना भाग 1


I परमेश्वर का वचन
1 चिन्हित कीजिये: आप किस समय बाइबल का उपयोग करते हे?
Ø  रोज के मनन मे
Ø  बाइबल अध्यान समय मे
Ø  रविवार की आराधना मे
Ø  परमेशवर की महीमा के लिये
Ø  विचार विमर्श और संदेशो की तैयारी मे
Ø  विशेष मुद्दे पर मसीही विचार खोजते समय
Ø  व्योहारिक जीवन की उत्तमता के लिय एक माप दंड के रूप मे
2 जब हम बाइबल को परमेश्वर का वचन कहते इसका मतलव की परमेश्वर इसके द्वारा हमसे बाते करता है
3 पढ़ीये: 2 तीमु.3:16,17 
  इस पद के अनुसार कितनी बाइबल हमको परमेश्वर के द्धारा दिया गया है?
  Ø  इसमे से कुछ भी नही
  Ø  इसमे से कुछ भाग
  Ø  इसमे से अधिकतर
  Ø  सब कुछ
4 परमेश्वर का वचन बाइबल से बड़कर है: यह कथन सही है या गलत?
 
 
 
पढ़ीये: उत्प 1:3 उजाले की  सृष्टि कैसे हुई?
        परमेशर के वचन द्धारा 
 
6 इब्रा. 11:3 और 2 पत. 3:5 क्या था जिस के द्धारा सब कुछ स्रजा गया?
        परमेश्वर के वचन की सामर्थ के द्धारा
 
7 पढ़ीये: इब्रा. 11:3 और 2 पत. 3:5  परमेश्वर का वचन मतलब कि बाइबल: यह कथन सही है या गलत?
 
 
 
8 संसार की सृष्टि बाइबल के द्धारा नही हुई थीसंसार परमेश्वर की सामर्थ तथा कार्य के द्धारा स्रजा गया  था। इसका तत्पर्य ये हुया की परमेश्वर का वचन परमेश्वर की सामर्थ भी है
9 पढ़ीये: यूह.1:1-3 ये वचन कब वर्तमान था? आदी में और सृष्टि से पहले। 
10 यह वचन परमेश्वर के समान था। यूह. 1:14 के अनुसार इस वचन का क्या हुया? 
  वचन देह धारण कर मनुष्य बन गया 
11 क्यो यीशु मसीह को परमेश्वर का वचन कहा जाता है? इब्रा. 1:1-3 कैसे परमेश्वर का वचन हम तक पहुचा? 
  परमेश्वर ने पहले भविष्यवक्तायो के द्धारा और बाद में अपने पुत्र के द्धारा बाते की। 
12 यीशु मसीह परमेश्वर का वचन है। क्योकि परमेश्वर उसके द्धारा हमसे बाते करता है। परंतु परमेश्वर अपने संदेश का सचांर यीशु मसीह के द्धारा उस प्रकार नही करता जिस प्रकार भविष्यवक्तायो के द्धारा करता था। परमेश्वर स्वयं हमसे बातचीत करता है क्योकि यीशु मसीह सच्चा परमेश्वर यूह.1:1। 
13 बाइबल से परमेश्वर के वचन के लिये दो अर्थ बताये।
Ø  परमेश्वर की सामर्थ
Ø  यीशु मसीह
14 लुका रचितसुसाचार 8: 1-15 से बीज बोने बाले व्यक्ति का दृष्टान्त पढ़ीये: यीशु मसीह नगर-नगर और गांव-गांव जाकर किस किस चीज का प्रचार करता था? परमेश्वर के राज्य का सुसामाचार  
15 बीज क्या है, जो बोने बाला बोता है?   परमेश्वर का वचन पद 11।  
16 इसलिये हम अह सकते की परमेश्वर का वचन परमेश्वर के राज्य का सुसामाचार  
17 प्रेरित. 8:12-14 पढ़ीये: और ढूंड कर दो कथन बताये की सामारिया के लोगो ने क्या  ग्रहण किया था? परमेश्वर के राज्य का सुसामाचार और यीशु मसीह का नाम परमेश्वर का वचन
18 तीन ऐसे कथन बताये जिनको बाइबल परमेश्वर का वचन कहती है?
Ø  परमेश्वर की सामर्थ
Ø  यीशु मसीह
Ø  परमेश्वर के राज्य का सुसामाचार  
19 यिर्म. 30:1-2 पढ़ीये: यिर्मयाह को परमेश्वर के वचन साथ क्या करने को कहा गया था?
  सारे वचनो को एक पुस्तक में लिखले 
20 प्रका. 2:1 पढ़ीये: यूहन्ना को क्या करने की आज्ञा दी गई थी? यीशु मसीह के वचनो को इफिसुस की कलीसिया के लिये लिख 
21 चौथा मार्ग जिसको बाइबल परमेश्वर के वचन के रूप में उपयोग करती है लिखित वचन जो बाइबल कहलाती है 
22 चार ऐसे कथन बताये जिनको बाइबल परमेश्वर के वचन के रूप सम्बोधित करती है? 
Ø  परमेश्वर की सामर्थ
Ø  यीशु मसीह
Ø  परमेश्वर के राज्य का सुसामाचार  
Ø  लिखित वचन जो बाइबल कहलाती है 
23 निन्मलिखित  बाइबल पदो को पढ़कर परमेश्वर के वचन चार मार्गो को सुनिश्चित करे 
Ø  2 इति.34:21 लिखित वचन
Ø  प्रेरि.6:7 परमेश्वर की सामर्थ
Ø  1 पत.1:23-25 परमेश्वर के राज्य का सुसामाचार  
Ø  प्रका.19:13 यीशु मसीह
Ø  प्रेरि.4:31 परमेश्वर के राज्य का सुसामाचार  
 

24 क्यो परमेश्वर का वचन बाइबल से बड़कर है? अपने शब्दो में व्याख्या करे। 

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